बिलासपुर संभाग हेड सुखदेव आजाद
खोखरा /जांजगीर-चांपा।
महतारी सेवा समिति मानिकपुरी महिला समाज द्वारा महिलाओं के सशक्तिकरण, आत्मनिर्भरता एवं आर्थिक उन्नति के उद्देश्य से विभिन्न कौशल विकास एवं रोजगारपरक प्रशिक्षण कार्यक्रम संचालित किए जा रहे हैं। समिति महिलाओं को संगठित कर समाज हित के कार्यों में सक्रिय भागीदारी के लिए प्रेरित करने के साथ-साथ उन्हें स्वरोजगार से जोड़ने का भी कार्य कर रही है।
समिति के बैनर तले संचालित लेडिस सिलाई सेंटर में महिलाओं एवं युवतियों को सिलाई-कढ़ाई का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। इसके अलावा महिलाओं को वाशिंग पाउडर, अगरबत्ती, धूपबत्ती, फिनाइल तथा विभिन्न प्रकार के हर्बल एवं सुगंधित साबुन निर्माण का प्रशिक्षण भी प्रदान किया जा रहा है।
प्रशिक्षण में नीम, तुलसी, केसर, चंदन, गुलाब, पाइनएप्पल, मोगरा, केवड़ा एवं चम्पा से तैयार किए जाने वाले साबुनों के निर्माण की विधि सिखाई जा रही है।समिति की जिला अध्यक्ष रमशिला मानिकपुरी ने बताया कि संस्था का मुख्य उद्देश्य महिलाओं को हुनरमंद बनाकर उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त और आत्मनिर्भर बनाना है। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में महिलाएं केवल घरेलू कार्यों तक सीमित नहीं हैं, बल्कि स्वरोजगार एवं उद्यमिता के माध्यम से समाज और परिवार की आर्थिक प्रगति में महत्वपूर्ण योगदान दे रही हैं।
इसी सोच के साथ समिति द्वारा महिलाओं को व्यावहारिक एवं रोजगारमूलक प्रशिक्षण उपलब्ध कराया जा रहा है।उन्होंने कहा कि प्रशिक्षण प्राप्त करने वाली महिलाएं भविष्य में स्वयं का व्यवसाय प्रारंभ कर सकती हैं तथा अन्य महिलाओं को भी प्रशिक्षण देकर रोजगार के नए अवसर सृजित कर सकती हैं। इससे न केवल उनकी आय में वृद्धि होगी बल्कि आत्मविश्वास और सामाजिक भागीदारी भी बढ़ेगी।समिति के पदाधिकारियों एवं सदस्याओं ने बताया कि संगठन महिला शिक्षा, सामाजिक एकता, स्वावलंबन एवं समाज कल्याण के कार्यों में निरंतर सक्रिय है
। समिति का प्रयास है कि अधिक से अधिक महिलाएं प्रशिक्षण प्राप्त कर अपने पैरों पर खड़ी हों और आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएं।समिति ने क्षेत्र की महिलाओं एवं युवतियों से अधिक संख्या में जुड़कर प्रशिक्षण कार्यक्रमों का लाभ उठाने तथा अपने जीवन को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की अपील की है।महतारी सेवा समिति मानिकपुरी महिला समाज, खोखरसा द्वारा संचालित प्रशिक्षण केंद्र में सिलाई-कढ़ाई, वाशिंग पाउडर, अगरबत्ती, धूपबत्ती, फिनाइल एवं नीम, तुलसी, केसर, चंदन, गुलाब, पाइनएप्पल, मोगरा, केवड़ा और चम्पा साबुन निर्माण का प्रशिक्षण प्राप्त करती महिलाएं तथा जिला अध्यक्ष रमशिला मानिकपुरी, पदाधिकारी एवं सदस्याएं।

