जिला गौरेला पेंड्रा मरवाही
जिले में जनगणना कार्य को निर्धारित समय सीमा से पहले शत-प्रतिशत पूरा कर एक नई मिसाल कायम करने वाले 252 प्रगणकों को कलेक्टर द्वारा प्रशस्ती पत्र देकर सम्मानित किया गया। इस उपलब्धि ने न केवल जिले को प्रदेश स्तर पर विशेष पहचान दिलाई, बल्कि प्रशासनिक कार्यों में टीमवर्क, समर्पण और सकारात्मक नेतृत्व का उत्कृष्ट उदाहरण भी प्रस्तुत किया।
सम्मान समारोह के दौरान उत्साह और गौरव का माहौल देखने को मिला। कलेक्टर ने सभी प्रगणकों की मेहनत और लगन की सराहना करते हुए कहा कि कठिन परिस्थितियों और सीमित समय में जिस प्रकार कर्मचारियों ने जिम्मेदारी निभाई है, वह पूरे जिले के लिए प्रेरणादायक है। उन्होंने कहा कि जनगणना जैसे महत्वपूर्ण कार्य में प्रत्येक प्रगणक की भूमिका बेहद अहम होती है और उनकी मेहनत से ही शासन की योजनाओं को सही दिशा मिलती है।
कलेक्टर की विशेष पहल, लगातार मॉनिटरिंग और प्रशासनिक टीम की सक्रिय रणनीति के चलते जिले ने मात्र तीन दिनों में ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की। जनगणना कार्य की प्रगति, जो पहले केवल 6 प्रतिशत थी, वह तेजी से बढ़कर 47 प्रतिशत तक पहुंच गई। इस तेज प्रगति ने जिले को राज्य के अग्रणी जिलों में शामिल कर दिया है।
कलेक्टर ने कहा कि यह उपलब्धि केवल आंकड़ों की सफलता नहीं, बल्कि जिले के कर्मचारियों की प्रतिबद्धता, अनुशासन और सेवा भावना का परिणाम है। उन्होंने सभी प्रगणकों को भविष्य में भी इसी ऊर्जा, समर्पण और जिम्मेदारी के साथ कार्य करने के लिए प्रेरित किया।
समारोह में कई प्रगणकों ने अपने अनुभव साझा करते हुए बताया कि प्रशासन के मार्गदर्शन और सहयोग से कार्य को समय पर पूरा करना संभव हो सका। सम्मान प्राप्त करने वाले कर्मचारियों के चेहरे पर खुशी और गर्व साफ दिखाई दे रहा था। प्रशस्ती पत्र मिलने के बाद सभी प्रगणकों ने इसे अपने कार्यजीवन का यादगार पल बताया।
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया कि आने वाले समय में भी इसी प्रकार की कार्यसंस्कृति और नवाचार को बढ़ावा दिया जाएगा, ताकि शासन की योजनाओं का लाभ आम जनता तक तेजी और प्रभावी तरीके से पहुंच सके।
इस अवसर पर जिला प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी, कर्मचारीगण एवं बड़ी संख्या में प्रगणक उपस्थित रहे। समारोह में उपस्थित लोगों ने तालियों की गड़गड़ाहट के साथ सभी सम्मानित प्रगणकों का उत्साहवर्धन किया।




