पत्थलगांव/तमता: अगर आप सोचते हैं कि सरकारी नौकरी पाने के लिए पढ़ाई, योग्यता और निष्पक्ष प्रक्रिया की जरूरत होती है, तो तमता क्षेत्र के बालक और कन्या छात्रावास आइए! यहाँ रोजगार का नया और सीधा फार्मूला चल रहा है—'नौकरी चाहिए? तो जेब में ₹1 लाख रखिए और काम पक्का समझिए!'
स्थानीय युवाओं का खून तब खौल उठा जब बालक छात्रावास में चतुर्थ श्रेणी के पद पर स्टीफन खलखो नामक व्यक्ति की रहस्यमयी 'एंट्री' हुई। आरोप हैं कि छात्रावास अधीक्षक बुध नाथ भगत ने पूरे ₹1 लाख का 'शुभ मुहूर्त' देखकर यह नियुक्ति पक्की कराई है। मजेदार बात यह है कि गाँव के पढ़े-लिखे बेरोजगार युवा मुँह ताकते रह गए और दूसरे पंचायत के 'सौभाग्यशाली' उम्मीदवार की लॉटरी निकल आई। न कोई विज्ञापन, न कोई परीक्षा, और न ही पंचायत का प्रस्ताव—बस 'गांधी छाप' नोटों का जादू चला और नियुक्ति पत्र हाथ में!
कन्या छात्रावास भी पीछे नहीं: यहाँ भी चला 'सेटिंग' का खेल
बात सिर्फ बालक छात्रावास तक सीमित रहती तो शायद हजम हो जाती, लेकिन तमता का कन्या छात्रावास भी इस 'भर्ती महोत्सव' में पीछे नहीं है। सूत्रों की मानें तो वहाँ भी हेमू अजगले नामक महिला कर्मी को इसी 'खास प्रक्रिया' से एंट्री दी गई है। मतलब साफ है—अगर आपके पास सिफारिश और लिफाफा है, तो विज्ञापन और नियमों की झंझट में पड़ने की जरूरत ही क्या है?
अधीक्षक जी का 'पुराना अनुभव' और अधिकारियों की 'चुप्पी'
स्थानीय लोगों की मानें तो अधीक्षक बुध नाथ भगत का यह कोई पहला 'कारनामा' नहीं है। पैसे लेकर नौकरी बांटने के मामलों में उनका 'ट्रैक रिकॉर्ड' पहले से ही शानदार रहा है! अब सवाल यह उठता है कि क्या इतना बड़ा खेल अकेले अधीक्षक साहब के बस का है? या फिर ऊपर से लेकर नीचे तक सबकी 'चांदी' कट रही है?
युवाओं का फूटा गुस्सा: अब तो जांच होकर रहेगी!
तमता के युवाओं ने अब आर-पार की लड़ाई का मूड बना लिया है। उनकी सीधी मांग है:
बालक और कन्या छात्रावास की पिछले कुछ सालों की सभी नियुक्तियों की 'कुंडली' खंगाली जाए।
विज्ञापन, चयन सूची और पंचायत प्रस्ताव के कागजात सार्वजनिक किए जाएं।
अगर धांधली हुई है, तो लिफाफा लेने वाले और देने वाले दोनों को सलाखों के पीछे भेजा जाए।
फिलहाल, जब इस '₹1 लाख वाले रोजगार मेले' पर विभागीय अधिकारियों से जवाब मांगने की कोशिश की गई, तो हमेशा की तरह 'मौन व्रत' देखने को मिला। अब देखना यह है कि जांच का चाबुक चलता है या यह मामला भी फाइलों के नीचे दबा दिया जाता है!
